महारानी एलिजाबेथ द्वितीय को नम आंखों से दी अंतिम विदाई, करीब 2,000 लोग रहे मौजूद

ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय का सोमवार को राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार कर दिया गया. ब्रिटेन के लोगों ने अपनी महारानी एलिजाबेथ द्वितीय को नम आंखों से अंतिम विदाई दी. महारानी के अंतिम संस्कार में करीब 2,000 लोग मौजूद रहे.

ब्रिटेन के महाराजा चार्ल्स तृतीय ने लंदन स्थित वेस्टमिंस्टर एबे में महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के अंतिम संस्कार से पहले धन्यवाद संदेश में अपनी दिवंगत मां द्वारा ‘‘आजीवन की गई सेवा’’ को याद किया.

लंदन के गॉथिक एबे में अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए जुटे ब्रिटेन के शाही परिवार के सदस्यों के साथ ही दुनियाभर के सैकड़ों नेताओं और गणमान्यों ने सिर झुकाया और हाउसहोल्ड कैवलरी के सदस्यों ने ‘द लास्ट पोस्ट’ की धुन बजाई। इसके बाद वहां उपस्थित लोगों ने दो मिनट का मौन रखा और फिर राष्ट्रगान गाया गया. महारानी के पाइपर ने शोक धुन बजाई और प्रार्थना सभा समाप्त हुई। इसके बाद महारानी के ताबूत को विंडसर कैसल में दफनाया गया.

यह भी पढ़ें -  राशिफल 25-09-2022: क्या कहते है आप के आज के सितारे, जानिए

इससे पहले महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के ताबूत को राजकीय अंतिम संस्कार के लिए वेस्टमिंस्टर एबे ले जाया गया था. महारानी के ताबूत की इस यात्रा में उनके बेटे और महाराजा चार्ल्स पीछे चल रहे थे. महाराजा के साथ उनके बेटे प्रिंस विलियम और प्रिंस हैरी तथा भाई-बहन प्रिंसेस एनी और प्रिंस एंड्रयू तथा प्रिंस एडवर्ड थे.

यह भी पढ़ें -  सीएम धामी ने दिए मानसखण्ड कॉरिडोर के काम में तेजी लाने के निर्देश

इस अंतिम यात्रा में साथ चलने वाले राजपरिवार के सबसे कम उम्र के सदस्यों में 9 साल के प्रिंस जॉर्ज और सात साल की प्रिंसेस शेरलोट थीं. दोनों अपने माता-पिता प्रिंस और प्रिंसेस ऑफ वेल्स के बीच में चल रहे थे.

महारानी के अंतिम संस्कार में कैंटरबरी के आर्कबिशप ने कहा कि कुछ ही नेताओं को इतना प्यार मिलता है, जितना हमने दिवंगत महारानी के लिए देखा है. आर्कबिशप ने कहा कि महारानी खुशमिजाज थीं, बहुत से लोगों के लिए वह हमेशा मौजूद रहती थीं, उन्होंने बहुत से लोगों के जीवन को छुआ.

महारानी के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन समेत दुनियाभर के करीब 500 नेता एवं शाही परिवार के लोग पहुंचे थे.

यह भी पढ़ें -  राजस्थान कांग्रेस में घमासान, अध्यक्ष पद के चुनाव से पहले गहलोत-पायलट के गुट ने फिर बढ़ाई हाईकमान की टेंशन, भाजपा भी सक्रिय

70 साल तक राजगद्दी पर आसीन रहीं महारानी एलिजाबेथ द्वितीय का आठ सितंबर को बाल्मोरल कैसल स्थित उनके आवास में निधन हो गया था. वह 96 साल की थीं. बड़ी संख्या में लोग लंदन में सर्द रात की परवाह किए बगैर संसद के वेस्टमिंस्टर हॉल में ‘लाइंग इन स्टेट’ में रखे महारानी के ताबूत के अंतिम दर्शन करने के लिए पहुंचे थे.


Related Articles

Advertisement

Advertisement

Stay Connected

58,944FansLike
3,243FollowersFollow
494SubscribersSubscribe

Latest Articles

27 सितम्बर 2022 पंचांग: जानें आज का शुभ मुहूर्त, कैलेंडर-व्रत और त्यौहार

0
आपके लिए आज का दिन शुभ हो. अगर आज के दिन यानी 27 सितम्बर 2022 को कार लेनी हो, स्कूटर लेनी हो, दुकान का...

शारदीय नवरात्रि का दूसरा दिन: ऐसे करें मां ब्रह्मचारिणी की पूजा, जानें विधि और...

0
26 सितम्बर 2022 से चैत्र नवरात्रि की शुरुआत हो गई है. नवरात्रि के दौरान मां के 9 रूपों की पूजा- अर्चना की जाती है....

उत्तराखंड लोक सेवा आयोग ने ‘समूह ग’ की 23 परीक्षाओं के लिए अतिरिक्त परीक्षा...

0
उत्तराखंड में बेरोजगार युवाओं के लिए अच्छी खबर है. उत्तराखंड लोक सेवा आयोग की ओर से सोमवार को 'समूह ग' 23 परीक्षाओं के लिए...

सीएम धामी ने दिए मानसखण्ड कॉरिडोर के काम में तेजी लाने के निर्देश

0
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय में लोक निर्माण विभाग, एनएच और बीआरओ के प्रदेश में निर्माणाधीन और प्रस्तावित कार्यों की समीक्षा की. मुख्यमंत्री...

सीएम धामी का सख्त फैसला: उत्तराखंड में होटल, रिजॉर्ट और होमस्टे में अब नहीं...

0
उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी की हत्या के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एक्टिव मोड में है. वहीं दूसरी ओर अंकिता भंडारी मर्डर केस...

मध्य रूस के एक स्कूल में जबरदस्त गोलीबारी, 13 लोगों की मौत-कई घायल

0
सोमवार को मध्य रूस के एक स्कूल में जबरदस्त गोलीबारी हुई, जिसमें कई छात्र घायल हुए. वहीं जिस शख्स ने फायरिंग की उसने खुद...

नंदा गौरा योजना की 80 हजार लाभार्थी बालिकाओं को सीएम धामी ने हस्तांतरित की...

0
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्य सेवक सदन, मुख्यमंत्री आवास, देहरादून में महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में...

अशोक गहलोत के कांग्रेस अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने पर भी खड़ा हुआ संकट

0
फिलहाल जैसे राजस्थान में सियासी माहौल बयां कर रहे हैं उससे मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के कांग्रेस अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने का भी संकट...

राजस्थान कांग्रेस में घमासान, अध्यक्ष पद के चुनाव से पहले गहलोत-पायलट के गुट ने...

0
राजनीति के मैदान में भी उलटफेर होना आम हो चला है. अब पार्टी के विधायक या सांसद क्या अच्छा है, क्या बुरा, स्वयं फैसला...

गुलाम नबी आजाद ने अपनी नई पार्टी के नाम का किया ऐलान, ...

0
जम्मू| हाल ही में कांग्रेस को अलविदा कहने वाले दिग्गज नेता गुलाम नबी आजाद ने अपनी पार्टी के नाम की घोषणा की. उन्होंने अपनी...
%d bloggers like this: