हिमाचल प्रदेश के पर्यटन नगरी मनाली में ब्यास नदी के उफान से भारी तबाही मची है। 26 अगस्त 2025 को धुंधी और अंजचनी महादेव क्षेत्र में बादल फटने के कारण ब्यास नदी में अचानक बाढ़ आ गई। इससे नदी किनारे स्थित सैकड़ों होटल और भवन खतरे की जद में आ गए हैं।
बाढ़ के कारण ओल्ड मनाली को जोड़ने वाला पुल टूट गया है, जबकि कुल्लू से मनाली के बीच छह पुल बह गए हैं। फोरलेन और हाईवे बहने से मनाली से आवाजाही पूरी तरह से ठप हो गई है, जिससे हजारों पर्यटक फंस गए हैं। नदी किनारे के होटलों को खाली करवा लिया गया है, जबकि अन्य होटलों में पर्यटक कैद हैं।
ब्यास नदी के उफान से मनाली-लेह हाईवे का एक बड़ा हिस्सा बह गया है और कई दुकानों और बहुमंजिला इमारतों को भी नुकसान पहुंचा है। इस आपदा में लगभग 2,500 वाहन फंसे हुए हैं, जिससे यातायात व्यवस्था पूरी तरह से प्रभावित हो गई है। प्रशासन राहत और बचाव कार्यों में जुटा है, लेकिन क्षति का आकलन अभी जारी है।
यह घटना हिमाचल प्रदेश में बाढ़ की गंभीर स्थिति को दर्शाती है, जिससे न केवल पर्यटकों की सुरक्षा, बल्कि स्थानीय निवासियों की जीवन-रेखा भी प्रभावित हुई है।